हाथों की एक्जिमा (Hand Eczema): बचाव और राहत की आसान गाइड
हाथों की एक्जिमा त्वचा से जुड़ी एक बेहद परेशान करने वाली समस्या है, जिसमें हाथों की त्वचा लाल हो जाती है, उसमें तेज खुजली होती है, दरारें पड़ती हैं और कभी-कभी छोटे-छोटे पानी वाले छाले होने लगते हैं
तुरंत राहत पाने के लिए क्या करें और क्या न करें
क्या करें?
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गुलाबी/गुनगुने पानी का प्रयोग करें: हाथ धोने के लिए बहुत गर्म पानी का इस्तेमाल बिल्कुल न करें, क्योंकि यह त्वचा की प्राकृतिक नमी और तेल को छीन लेता है
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3-मिनट का नियम अपनाएं: हाथ धोने के तुरंत बाद (3 मिनट के भीतर) किसी अच्छी गाढ़ी क्रीम या ऑइंटमेंट (Ointment) को लगाएं
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त्वचा को धीरे से सुखाएं: हाथ धोने के बाद उसे खुरदरे तौलिये से रगड़ने के बजाय मुलायम कपड़े से थपथपाकर (Pat dry) सुखाएं, खासकर उंगलियों के बीच की जगह को सूखा रखें
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क्या न करें?
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बर्तन धोने वाले लिक्विड को सीधा न छुएं: बर्तनों और कपड़ों के कड़े साबुन या लिक्विड हाथों की त्वचा के सुरक्षा कवच को पूरी तरह नष्ट कर देते हैं
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खुजली करने से बचें: प्रभावित जगह को नाखूनों से न खुजलाएं। ऐसा करने से त्वचा छिल सकती है और वहां बैक्टीरियल इन्फेक्शन (Infection) होने का खतरा बढ़ जाता
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अल्कोहल वाले सैनिटाइज़र से दूर रहें: जब हाथों की त्वचा फटी हुई या कच्ची हो, तब अल्कोहल वाले सैनिटाइज़र लगाने से तेज जलन होती है और त्वचा और ज्यादा रूखी हो जाती है
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एक्जिमा से बचने के अचूक उपाय
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दस्तानों (Gloves) का सही इस्तेमाल: घर की सफाई करते समय या बर्तन मांजते समय वाटरप्रूफ दस्ताने जरूर पहनें
। ध्यान रहे, रबर या प्लास्टिक के दस्ताने सीधे पहनने से अंदर पसीना आता है जो एक्जिमा को बढ़ा सकता है । इसलिए पहले अंदर 100% सूती (Cotton) के दस्ताने पहनें और उसके ऊपर से रबर के दस्ताने लगाएं । -
सही मॉइश्चराइज़र चुनें: पतले लोशन की जगह सेरामाइड्स (Ceramides), पेट्रोलियम जेली या ग्लिसरीन युक्त गाढ़े मॉइश्चराइज़र या ऑइंटमेंट का प्रयोग करें
। इसे रात को सोने से पहले लगाकर सूती दस्ताने पहन लेने से त्वचा जल्दी ठीक होती है । -
केमिकल और खुशबूदार चीजों से बचें: तेज खुशबू (Fragrance) वाले साबुन, डिटर्जेंट और शैम्पू का इस्तेमाल बंद कर दें
। हमेशा संवेदनशील त्वचा (Sensitive Skin) के लिए बने माइल्ड और खुशबू-रहित उत्पादों का ही चुनाव करें ।
डॉक्टर से संपर्क कब करें? अगर आपके हाथों की दरारों से खून या पीप (Pus) निकलने लगे, बहुत तेज दर्द हो, या दो हफ्तों तक लगातार देखभाल करने के बाद भी कोई सुधार न दिखे, तो बिना देरी किए किसी छालारोग विशेषज्ञ (Dermatologist) से सलाह लें
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